उत्तराखंड का लाल "राम सिंह भंडारी" सीमा पर शहीद

उत्तराखंड का लाल "राम सिंह भंडारी" सीमा पर शहीद

जम्मू कश्मीर के राजोरी में आतंकियों के साथ मुठभेड़ के दौरान उत्तराखंड के लाल ने शहादत दे दी। जबकि एक अन्य जवान घायल हुआ है। सुरक्षाबलों को एक दहशतगर्द को मार गिराने में सफलता मिली है। 


जानकारी के अनुसार, आतंकियों की मौजूदगी की सूचना पर बुधवार को पूरे इलाके में सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया था। गुरुवार की सुबह करीब नौ बजे सेना, जम्मू-कश्मीर पुलिस की एसओजी और सीआरपीएफ का संयुक्त दल आतंकवादियों की तलाश करते एक तंग रास्ते से गुजर रहा था, उसी समय ऊंचाई पर घात लगाए बैठे आतंकवादियों ने हमला कर दिया, जिसमें उत्तराखंड के सूबेदार राम सिंह (46 साल) और एक अन्य जवान घायल हो गए।


दोनों घायलों को तत्काल सेना के हेल्थ सब सेंटर पहुंचाया गया, जहां सूबेदार ने दम तोड़ दिया। जबकि सेना के घायल जवान को उधमपुर स्थित कमांड अस्पताल रेफर कर दिया गया। इसके बाद सेना व पुलिस के और जवानों को मौके पर भेजा गया। शहीद सूबेदार राम सिंह उत्तराखंड के पौड़ी गढ़वाल के सालाना (बाजवार) गांव के रहने वाले थे। सैन्य प्रवक्ता कर्नल देवेंद्र आनंद ने बताया कि घायल होने के बाद भी सूबेदार राम ने जवाबी कार्रवाई की जिसमें एक आतंकी मारा गया। 

पौड़ी में एसडीएम सदर एसएस राणा ने बताया कि 16 गढ़वाल राइफल्स के सूबेदार राम सिंह भंडारी फरवरी 2022 में सेवानिवृत्त होने वाले थे। शहीद का परिवार मेरठ में रहता है। उन्होंने बताया कि शहीद  की अंत्येष्टि कहां होगी इसको लेकर अभी कोई जानकारी उपलब्ध नहीं हो पाई है। पूर्व प्रधान गंगा सिंह बिष्ट ने बताया शहीद भंडारी के पिता दीवान सिंह बिष्ट हैं। माता सुलोचना देवी का तीन साल पहले निधन हो गया था। पत्नी का नाम अनीता भंडारी, चार बेटियां व एक बेटा है। दो बेटियों की शादी हो चुकी हैं। पिता आठ दिन पहले ही गांव आए थे।

उधर जवान राम सिंह के शहीद होने पर सीएम पुष्कर सिंह धामी, पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत और मंत्री सतपाल महाराज ने शोक व्यक्त किया। TNI